कार्य के भविष्य के कौशल (Future of Work Skills) मॉड्यूल इस बात पर केंद्रित है कि पेशेवर वातावरण समय के साथ कैसे बदल गया है, विशेष रूप से COVID-19 महामारी के बाद, और प्रतिस्पर्धी बने रहने के लिए किन विशेष कौशलों की आवश्यकता है।
COVID-19 के बाद का कार्यस्थल
आधुनिक कार्यस्थल में लचीलापन और तकनीक की ओर महत्वपूर्ण बदलाव हुआ है:
- कार्य मॉडल: कई कंपनियाँ अब ऑफिस और घर से काम का मिश्रण अपनाती हैं। 57% कंपनियों ने बताया है कि उनकी आधी से अधिक कार्यबल सप्ताह में कम से कम दो दिन घर से काम करती है।
- तकनीकी एकीकरण: कार्य अब अधिक तकनीक-केंद्रित हो गया है, जहाँ दैनिक कार्यों के लिए डिजिटल टूल्स पर अधिक निर्भरता है।
- लचीलापन: कार्य समय अधिक लचीला हो गया है, जो पारंपरिक सुबह 9 बजे से शाम 5 बजे के ढांचे से अलग है।
- परिणाम आधारित दृष्टिकोण: अब नियोक्ता काम के परिणाम और गुणवत्ता को अधिक महत्व देते हैं, बजाय इसके कि काम में कितना समय लगाया गया।
- सामाजिक प्रभाव: कंपनियाँ अब समाज में योगदान देने पर अधिक ध्यान दे रही हैं, जैसे कि स्थिरता (sustainability) और दान कार्य।
भविष्य के लिए आवश्यक कौशल
इस बदलते वातावरण में सफल होने के लिए आपको निम्नलिखित प्रमुख कौशल विकसित करने होंगे:
- तकनीकी कौशल: ऑनलाइन शोध करना और YouTube, Instagram तथा अन्य ऐप्स जैसे डिजिटल प्लेटफॉर्म का उपयोग करना एक महत्वपूर्ण कौशल है।
- व्यावसायिक (Technical) कौशल: अपने क्षेत्र में नवीनतम ट्रेंड और तकनीकों से अपडेट रहना आवश्यक है।
- अनुकूलन क्षमता (Adaptability): नई चीजें सीखने के लिए तैयार रहना और बदलावों को स्वीकार करना बहुत जरूरी है, जैसे नई डिजिटल तकनीकों का उपयोग।
- संबंध निर्माण: नेटवर्किंग और पेशेवर संबंध बनाना नई नौकरी के अवसरों के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है।
करियर विकास के प्रमुख क्षेत्र
आधुनिक करियर विकास के लिए कई महत्वपूर्ण रास्ते निम्नलिखित हैं:
- प्लेटफॉर्म और गिग इकॉनमी: इसमें Ola, Uber, Swiggy और Urban Company जैसे ऐप्स के माध्यम से अस्थायी या फ्रीलांस काम प्राप्त करना शामिल है।
- स्वरोजगार (Self-Employment): स्वयं के लिए काम करने की योजना बनाना, जो स्वतंत्रता और खुद का मालिक बनने का अवसर देता है, लेकिन इसके लिए आत्म-प्रेरणा आवश्यक है।
- काम के लिए स्थानांतरण (Migration): बेहतर नौकरी के अवसरों के लिए दूसरे शहर या देश में जाने के लाभ और सुरक्षा उपायों को समझना।
- ग्रीन मानसिकता: पर्यावरण संरक्षण और स्थिरता पर आधारित सोच विकसित करना, जो ग्रीन जॉब्स के लिए आवश्यक है।
- स्किल इंडिया डिजिटल प्लेटफॉर्म (SIDP): इस ऑनलाइन प्लेटफॉर्म का उपयोग करके कोर्स ढूंढना, डिजिटल CV बनाना और नौकरी के अवसर प्राप्त करना।